उत्तराखंड-ख़बरें : हरिद्वार में सगी बेटी से दुष्कर्म, पिता को जेल हुई; बच्चा चोरी और मानव तस्करी गिरोह का भंडाफोड़; पीएम मोदी के लिए चारधामों में हुई विशेष पूजा *GSKE* #684
हरिद्वार की फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट ने अपनी ही 9 वर्षीय बेटी के साथ दुष्कर्म का प्रयास करने वाले दोषी पिता को 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, हरिद्वार पुलिस ने एक अंतरराज्यीय बच्चा चोरी और मानव तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए दो महिलाओं सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार कर दो मासूमों को सकुशल बरामद किया है, यह प्रदेश में बच्चों की चोरी कर रहे थे। दूसरी तरफ, 10 जून 2026 को नरेंद्र मोदी ने लगातार सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री रहने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है, जिसके उपलक्ष्य में उत्तराखंड के चारधामों में उनके नाम से विशेष पूजा-अर्चना और यज्ञ आयोजित किए गए।
1. हरिद्वार: सगी बेटी से दुष्कर्म के प्रयास में कलयुगी पिता को 10 वर्ष की कठोर कैद
न्यायालय ने माना दोषी, लगाया जुर्माना
हरिद्वार की फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट ने एक पारिवारिक और सामाजिक रिश्तों को शर्मसार करने वाले मामले में ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। अपर सत्र न्यायाधीश चंद्रमणि राय की अदालत ने अपनी ही 9 वर्षीय मासूम बेटी के साथ दुष्कर्म का प्रयास करने वाले पिता को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने दोषी पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है, जिसे अदा न करने पर उसे अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। इस मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 8 गवाह और न्यायालय की तरफ से एक स्वतंत्र गवाह पेश किया गया था। शासकीय अधिवक्ता भूपेंद्र चौहान के अनुसार, अदालत ने मेडिकल रिपोर्ट, वैज्ञानिक साक्ष्यों और चश्मदीदों के बयानों के आधार पर यह सख्त फैसला सुनाया।
तीन महीने तक किया मानसिक और शारीरिक शोषण
मामला हरिद्वार जिले के श्यामपुर थाना क्षेत्र का है, जहाँ वर्ष 2022 में आरोपी करीब तीन महीने तक घर में अकेला पाकर अपनी नौ वर्षीय बेटी का मानसिक और शारीरिक शोषण करता रहा। वह बच्ची के साथ अश्लील हरकतें और दुष्कर्म का प्रयास करता था तथा विरोध करने पर पत्नी और बच्ची को जान से मारने की धमकी देता था। 7 अक्टूबर 2022 को फैक्ट्री से लौटने पर पीड़िता ने रोते हुए अपनी मां को आपबीती सुनाई। जब मां ने इसका विरोध किया, तो आरोपी ने उसके साथ मारपीट की। इसके बाद एक रात आरोपी ने फिर बच्ची के बिस्तर पर जाकर दुष्कर्म का प्रयास किया, लेकिन मां ने शोर सुनकर बेटी को उसके चंगुल से बचाया। इसके बाद मां की शिकायत पर श्यामपुर थाना पुलिस ने पॉक्सो सहित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया था।
लॉकडाउन की पैरोल पर आया था बाहर, पुराना आपराधिक इतिहास
सुनवाई के दौरान सामने आया कि दोषी का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ पहले से अपनी पड़ोस में रहने वाली सगी चाची के साथ दुष्कर्म और उनकी हत्या का मुकदमा चल रहा है। कोरोना काल के दौरान वह जेल से पैरोल/जमानत पर बाहर आया था, लेकिन बाहर आने के बाद भी उसकी आपराधिक प्रवृत्ति नहीं बदली। अदालत ने दोषी के आपराधिक रिकॉर्ड और रिश्तों के विश्वास को तोड़ने वाले कृत्य की गंभीरता को देखते हुए उसे किसी भी प्रकार की राहत देने से इनकार कर दिया।
2. अंतरराज्यीय बच्चा चोरी और मानव तस्करी गिरोह का भंडाफोड़, ₹5 लाख में करते थे सौदा
72 घंटे में 6 आरोपी गिरफ्तार, दो मासूम बरामद
हरिद्वार पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 72 घंटे के भीतर एक बड़े अंतरराज्यीय बच्चा चोरी और मानव तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में दो महिलाओं सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनकी पहचान मोहम्मद आकिल व उसकी पत्नी नसीमा (निवासी अमरोहा, उत्तर प्रदेश), जुल्फेकार (निवासी अमरोहा), धर्मेंद्र कुमार व उसकी पत्नी प्रीति शर्मा (निवासी मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश) और शिवा सिंह उर्फ गौरव (मूल निवासी बिहार, वर्तमान निवासी हरिद्वार) के रूप में हुई है। पुलिस ने गिरोह के चंगुल से दो मासूम बच्चों को सकुशल बरामद किया है।
झुग्गी बस्ती से हुई थी बच्ची चोरी, दिल्ली में मिली
घटनाक्रम के अनुसार, 6 जून को बैरागी कैंप की झुग्गी बस्ती में रहने वाले विनोद सोलंकी की तीन वर्षीय बेटी राधिका अचानक गायब हो गई थी, जिसकी शिकायत पर कनखल कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया था। एसएसपी नवनीत सिंह के नेतृत्व में गठित विशेष टीमों ने तकनीकी सर्विलांस, डंप डेटा और सीसीटीवी फुटेज खंगाले। उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में पुलिस की लगातार छापेमारी और बढ़ते दबाव से घबराकर आरोपी बच्ची राधिका को दिल्ली के आनंद विहार रेलवे स्टेशन पर लावारिस छोड़कर फरार हो गए, जहाँ से पुलिस ने उसे बरामद कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 24 मई को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से करीब एक-डेढ़ वर्ष के बच्चे कार्तिक का भी अपहरण किया था और उसे उत्तर प्रदेश के बदायूं में करीब ₹1.5 लाख में बेच दिया था, जिसे पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है।
निसंतान दंपतियों को बनाते थे निशाना
पुलिस जांच के अनुसार, यह गिरोह बेहद संगठित तरीके से काम करता था, जिसमें रेकी करने, बच्चा चुराने और उन्हें सुरक्षित ठिकानों पर पहुंचाने की जिम्मेदारियां बंटी हुई थीं। मोहम्मद आकिल और प्रीति शर्मा खरीदारों से संपर्क कर लाखों के सौदे तय करने वाले मुख्य संचालक थे। यह गिरोह बच्चा गोद लेने की चाह रखने वाले निसंतान दंपतियों को निशाना बनाता था और खुद को बच्चों का असली अभिभावक या अनाथ बच्चों का संरक्षक बताकर ₹2 लाख से ₹5 लाख तक में सौदा करता था।
3. नरेंद्र मोदी ने बनाया सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित पीएम रहने का रिकॉर्ड, चारधामों में विशेष अनुष्ठान
कार्यकाल के 4,399 दिन पूरे, नेहरू से आगे निकले
10 जून 2026 को भारत के राजनीतिक इतिहास में एक नया रिकॉर्ड दर्ज हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित रहने वाले प्रधानमंत्री बन गए हैं। इस ऐतिहासिक अवसर पर उनके कार्यकाल के 4,399 दिन पूरे हो चुके हैं, जिसके तहत उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। इस गौरवपूर्ण उपलब्धि के उपलक्ष्य में उत्तराखंड के प्रसिद्ध चारधामों—यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ में प्रधानमंत्री मोदी के नाम से विशेष पूजा-अर्चना और अनुष्ठान किए गए।
चारधामों में महाभिषेक और गंगा आरती
केदारनाथ धाम में बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) और तीर्थ पुरोहितों ने प्रधानमंत्री के नाम से विशेष जलाभिषेक किया और मंदिर प्रांगण में यज्ञ आयोजित कर उनकी दीर्घायु की कामना की। बद्रीनाथ धाम में विशेष महाभिषेक, हवन और पूजा संपन्न हुई। वहीं गंगोत्री धाम में स्थानीय विधायक सुरेश सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री के नाम से विशेष पूजा और गंगा आरती संपन्न कराई, जबकि यमुनोत्री धाम में तीर्थ पुरोहितों द्वारा दिन की पहली आरती प्रधानमंत्री मोदी के नाम से की गई।
यात्रा में अब तक 34 लाख श्रद्धालु पहुंचे, 183 की मौत
अक्षय तृतीया के दिन 19 अप्रैल से शुरू हुई चारधाम यात्रा के शुरुआती 52 दिनों में अब तक रिकॉर्ड 34 लाख से ज्यादा श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं। राज्य आपदा परिचालन केंद्र के अनुसार, केदारनाथ में सबसे अधिक 14 लाख, बद्रीनाथ में 10 लाख, गंगोत्री में करीब 6 लाख और यमुनोत्री में 5 लाख 40 हजार से अधिक तीर्थयात्री पहुंचे हैं। इस यात्रा सीजन में अब तक चारों धामों और हेमकुंड साहिब मार्ग को मिलाकर कुल 183 तीर्थयात्रियों की मृत्यु भी दर्ज की गई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, इनमें से 173 मौतें स्वास्थ्य खराब होने, हार्ट अटैक और हाई एल्टीट्यूड सिकनेस (ऑक्सीजन की कमी) जैसी पुरानी बीमारियों के कारण हुई हैं, जबकि 10 मौतें अन्य कारणों से हुई हैं। केदारनाथ में सर्वाधिक 88 और गंगोत्री में सबसे कम 17 मौतें हुई हैं। सरकार ने यात्रा से पूर्व स्वास्थ्य संबंधी एडवाइजरी जारी कर बुजुर्गों और बीमार लोगों को जांच कराने की सलाह दी थी।
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